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NEET 2024 की परीक्षा में धांधली को लेकर PM Modi के बनारस में भावी डॉक्टर सड़क पर



 08/Jun/24

नीट यूजी परीक्षा की तैयारी कर रहे सैकड़ों छात्रों का गुस्सा शनिवार की सुबह फूट गया। बीएचयू के सिंह द्वार पर हाथ में बैनर पोस्टर लेकर छात्रों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना है कि नीट यूजी परीक्षा परिणाम को निरस्त किया जाए। छात्रों ने करीब एक घंटे तक जमकर नारेबाजी की। जिसके बाद पुलिस प्रशासन ने उन्हें समझा- बूझाकर मामले को शांत कर सभी को वापस भेजा।

वहीं तीन दिन पहले यानी चार जून को नीट यूजी परीक्षा का रिजल्ट जारी किया गया। नतीजे सामने आने के बाद से काफी छात्र नाराज दिख रहे हैं। छात्रों का कहना है कि इस बार की नीट यूजी परीक्षा में कई गड़बडियां हुई हैं। इसके साथ ही छात्रों का सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर गुस्सा फूट रहा है। वे नीट रिजल्ट पर गुस्सा जता रहे हैं और अपने पोस्ट में एनटीए को टैग कर धांधली का आरोप लगा रहे हैं।

NEET (UG)2024 के प्रवेश परीक्षा में हुई अनियमितता की उच्च स्तरीय जाँच की मॉग

हम सभी विद्यार्थी उत्तर प्रदेश, बिहार क्षेत्र से आकर वाराणसी के विभिन्न कोचिंग संस्थानों में डॉक्टर बनने का सपना लेकर अपनी तैयारी करने में लगे है इसके लिए अपने माता पिता के जीवन भर की कमाई और उनके सपनो को साकार करने की तमन्ना लेकर हम लोग रात-दिन कड़ी मेहनत करके नीट की परीक्षा में भाग लेते हैं लेकिन जब उक्त प्रतिष्ठीत प्रवेश परीक्षा में फर्जीवाड़ा होता है तो हम जैसे विद्यार्थियों का मनोबल टूट जाता है जैसा कि NEET (UG) 2024 की प्रवेश परीक्षा में इस वर्ष भयंकर धांधली हुई है यहाँ तक कि हरियाणा के झरझर सेंटर के कई दर्जन बच्चों का एक ही जैसा परीक्षा परिणाम आना इस बात का प्रमाण है कि भयंकर धांधली हुई है। ऐसे में हम लोगों कि निम्न माँग पर उच्च स्तरीय जाँच कराकर दोषियों के विरूद्ध कठोर कार्यवाही करने का निर्देश देने की कृपा करें इसके लिए हम सभी विद्यार्थी हृदय से आभारी रहेंगें। हम लोंगो की निम्न मांग है-

1.नीट में पहली बार 1500 से ज्यादा लोगों को ग्रेस मार्क्स क्यों और किस आधार पर दिये गये।

2. नीट में देशभर में अलग प्रश्न पत्र सेट क्यों बॉटें गये और कार्यवाही क्यों नहीं की गई।

3. देश भर में 67 बच्चों के 720 अंक कैसे आए और एक ही सेन्टर से 6 (720) वाले बच्चे कैसे आए।

4. NTA अब तक तमाम राज्यों बिहार, महाराष्ट्र, हरियाण, गुजरात इत्यादि में पेपर लीक कर दिया गया है तथा पेपर लीक के विषय में पटना में किए गए एफआईआर पर शांत क्यों है।

5. सुप्रीम कोर्ट का 13 जून 2018 का फैसला CLAT के पेपर के लिए था जो एक आनलाइन एक्जाम है फिर नीट जैसे ऑफलाइन पेपर पर यह नार्मलाइजेशन फार्मूला किस आधार पर लागू किया गया ।

6. टाइम डीले होने पर एनटीए के अधिकारी क्या कर रहे थे।

7. मार्च में रजिस्ट्रेशन पूर्ण होने के बाद सिर्फ 2 दिन के लिए रजिस्ट्रेशन विन्डो क्यों ओपेन हुआ।

 

देशभर के छात्रों के निम्नलिखित मॉग है।

  1.  एनटीए पर नीट के प्रक्रिया पर एक बड़ी जाँच कमेटी बैठा कर मामले के दोषियों को कड़ी सजा दी जाए।

2. कॉउन्सलींग प्रोसेस पर रोक लगायी जाय। देशभर में दुबारा नीट करवाया जा और सुनिश्चित करवाया जाए की भविष्य में ऐसा स्वैम फिर से न हो।

3. अतः आप से निवेदन है कि आप वाराणसी के सांसद और हमारे अभिभावक के तौर पर हम सभी विद्यार्थी आपसे अनुरोध करते है कि हमारी मांगों पर सहानुभूति पूर्वक विचार करते हुए दोषियों के विरूद्ध कठोर कार्यवाही करने के साथ ही हमारी मांगों को सुना जाय ताकि न्याय हो सके।

 


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